कबूतरों के लिए दाना-पानी की व्यवस्था

Loading

जो लोग कबूतरों के लिए दाना-पानी की व्यवस्था करते हैं। उनसे अनुरोध है कि गर्मी में उन्हें बाजरा न दें,वे अंधे हो सकते हैं।ज्वार ,गेंहू ,मक्का आदि दे सकते हैं।

पक्षियों का अस्पताल जो कि गुरुग्राम में है उन्होंने जनता को विशेष कुछ बातों का ध्यान रखने के लिए कहा :-

🔹अधिकांश कबूतर की दोनों आँखे खराब हो जाने के कारण ये अब देख नहीं सकते

🔹इसके अंधे होने का कारण है उन्हें डाला गया #बाजरा,

🔹जी हाँ, गर्मियों में पक्षियों के लिए खासकर कबूतरों के लिए बाजरा अत्यंत घातक है।

🔹बाजरा बहुत ही ज्यादा गर्म होता है जिसे खाने से कबूतरों के चेहरे पर मस्से निकलने शुरू हो जातें है, चेहरा गल जाता है और आँखें भी गल जाती है

🔹अँधा होने के साथ-साथ कबूतर की चोंच मुड़ जाती है

🔹मुंह अंदर से पक जाता है

🔹खाना पीना बन्द करने के बाद कबूतर तड़प-तड़प कर मर जाता है। कई बार हम कबूतरों को #सतनाजा भी डालते है

मतलब सात तरह का मिक्स अनाज।

🔹जिसमे बाजरा भी होता है, लेकिन ध्यान रहे कि बाजरे के चन्द दाने गर्मी में कबूतर की दर्दनाक मौत का कारण बनतें है, जिसके लिए दाना डालने वाला भी अनजाने में इस पाप का भागीदार बन जाता है।

ALPHA NEWS INDIA ——>कबूतर बहुत ही मासूम पक्षी है एवं कबूतरों को दाना डालना पुण्य का कार्य है | कबूतरों को दाना डालने से महालक्ष्मी का आशीर्वाद प्राप्त होता है , क्योंकि ये महालक्ष्मी के दूत होते है परन्तु एक बार कबूतरों को दाना डाले तो इसको निश्चित समय पर नियमित रूप से डालना चाहिए , इसको बीच में बंद नहीं करना चाहिए | दाना छोटा हो जिससे यह आसानी से खा सके |

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

61488

+

Visitors